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Gold: आज अगर 50000 का सोना खरीदा, तो 10 साल बाद कितनी होगी कीमत? जानें

Gold Return 2036: अगर आप आज सोने में 50000 रुपये इन्वेस्ट करते हैं तो 2036 में कितनी होगी उसकी वैल्यू? जानिए 5.2% से लेकर 18.6% तक के रिटर्न का पूरा गणित और WGC की रिपोर्ट.

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भारतीय परिवारों में सोना (Gold) सिर्फ गहने के तौर पर ही नहीं, बल्कि सबसे भरोसेमंद वित्तीय सुरक्षा (Financial Safety Net) के रूप में देखा जाता है. हाल के वर्षों में सोने की कीमतों ने नए रिकॉर्ड बनाए हैं. ऐसे में अगर आप आज सोने में 50000 रुपये का निवेश करते हैं, तो साल 2036 (अगले 10 सालों) में इसकी वैल्यू कितनी हो सकती है?

वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल (World Gold Council) के डेटा और पिछले 10 सालों के रिटर्न्स के आधार पर आइए समझते हैं कि भविष्य में आपको कितना फायदा मिल सकता है.

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बीते 10 सालों में कैसा रहा सोने का प्रदर्शन?

साल 2016 में 10 ग्राम (24 कैरट) सोने की औसत कीमत करीब 28623 रुपये थी, जो 2026 में बढ़कर लगभग 153,250 रुपये पहुंच चुकी है. आज के रेट के हिसाब से 50000 रुपये में लगभग 3.26 ग्राम सोना आएगा.

यानी पिछले 10 सालों में सोने की कीमतें लगभग 5.35 गुना बढ़ी हैं, जिसने सालाना करीब 18.6% (CAGR) का रिटर्न दिया है. केवल 2025 में ही सोने ने 60% से ज्यादा का शानदार रिटर्न दिया था.

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2036 में 50000 रुपये के निवेश की कितनी होगी वैल्यू?
अगर हम वर्ल्‍ड गोल्‍ड काउंसि‍ल (WGC) के मॉडल और अलग-अलग एनुअल रिटर्न की संभावनाओं को देखें, तो 10 साल बाद (2036 में) आपका 50000 रुपये का निवेश इस तरह बढ़ सकता है:

लेक‍िन इस बात का ध्‍यान रखें क‍ि यह केवल गणितीय अनुमान है, कोई गारंटीड रिटर्न नहीं.

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सोने की कीमतों को तय करते हैं ये ग्लोबल फैक्टर्स
सोने के दाम कभी भी सीधी रेखा में नहीं बढ़ते, इसमें उतार-चढ़ाव बना रहता है. इसकी कीमतों पर कई फैक्‍टर्स का असर होता है. जैसे क‍ि अमेरिकी फेडरल रिजर्व (US Fed) के ब्याज दर संबंधी फैसले और अमेरिकी डॉलर की मजबूती और महंगाई (Inflation) की दर. इसके अलावा जियोपॉलिटिकल तनाव और दुनिया भर के सेंट्रल बैंकों (जैसे RBI) जो सोने की खरीदारी करता है, उसका असर भी पड़ता है.

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फिजिकल गोल्ड या गोल्ड ETF?
अगर आप शुद्ध रूप से निवेश (Investment) के मकसद से सोना खरीद रहे हैं, तो फिजिकल गोल्ड (गहने/सिक्के) पर लगने वाला 3% GST, मेकिंग चार्जेस (Making Charges) और वेस्टेज चार्जेस आपके वास्तविक रिटर्न को कम कर सकते हैं. ऐसे में एक्सपर्ट्स का मानना है कि फिजिकल गोल्ड के बजाय Gold ETFs या Gold Mutual Funds में निवेश करना अधिक किफायती और सुरक्षित विकल्प साबित हो सकता है.

First published on: Sep 10, 2026 02:49 PM

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About the Author

Vandana Bharti

वन्‍दना भारती News 24 में बतौर ड‍िप्‍टी न्‍यूज एडिटर कार्यरत हैं और मौजूदा समय में बिजनेस डेस्‍क संभाल रही हैं. वन्दना News 24 के लिए स्टॉक मार्केट, पर्सनल फाइनेंस, कमोडिटी मार्केट, सरकारी योजनाओं पर खबरें लिखती हैं. वन्‍दना ने अपने करियर की शुरुआत दैन‍िक जागरण अखबार से की. इसके बाद देशबंधु अखबार में उन्होंने ब‍िजनेस रिपोर्टिंग में अपनी विशेषज्ञता विकसित की. साल 2010 में उन्होंने ह‍िन्‍दुस्‍तान अखबार में अपनी सेवाएं दीं, जहां उन्होंने ब‍िजनेस पेज के लिए 6 साल तक काम किया. वन्‍दना, आजतक डिजिटल, India.com और News18.com जैसे न्यूज प्लेटफॉर्म्स में बिजनेस डेस्क से जुड़ी रही हैं. वन्दना ने दिल्ली विश्वविद्यालय से बीकॉम किया है. कॉमर्स बैकग्राउंड होने के कारण उनकी बिजनेस की खबरों में अच्छी पकड़ है और इन खबरों को वह आसान भाषा में यूजर्स तक पहुंचाती हैं. कितने साल का अनुभव: 18 साल योग्यता: शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बी.कॉम और नई द‍िल्‍ली के YMCA संस्‍थान से पत्रकार‍िता में पीजीडीएमए की डिग्री प्राप्त की है.

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