---विज्ञापन---

जन्म दर का गिरना खतरनाक क्यों? एलन मस्क ने भारत को लेकर जताई चिंता, जानें भविष्य में क्या होंगे नुकसान?

Birth Rate in India: भारत की जन्म दर के आंकड़े सामने आए हैं, जिन पर एलन मस्क ने चिंता जताते हुए ट्वीट किया है। वहीं जन्म दर के गिरने पर विशेषज्ञों का अनुमान है कि भविष्य में भारत को इसका नुकसान उठाना पड़ सकता है।

---विज्ञापन---

SpaceX के सीईओ और सोशल नेटवर्किंग साइट X के फाउंडर एलन मस्क ने भारत की गिरती जन्म दर भारत पर चिंता जताई है। उन्होंने गिरती जन्म दर को भारत के लिए खतरनाक और नुकसानदायक बताया है। उन्होंने AF Post नामक मीडिया आउटलेट के आंकड़ों का हवाला देते हुए एलन मस्क ने एक ट्वीट लिखकर भारत की गिरती जन्म दर पर अपने विचार व्यक्त किए। उनक ट्वीट अब भारत में सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। ट्वीट के अनुसार, भारत में जन्म दर देश के इतिहास में पहली बार सबसे ज्यादा गिर गई है।

कितनी घट गई है भारत की जन्म दर?

एलन मस्क ने ट्वीट किया है कि भारत की जन्म दर जनसंख्या बनाए रखने के लिए जरूरी रिप्लेसमेंट लेवल से भी नीचे गिर गई है। सबसे लोगों के बावजूद भारत की जन्म दर कई साल पहले ही रिप्लेसमेंट लेवल से नीचे गिर गई थी। बता दें कि भारत की जन्म दर 2.3 प्रतिशत से घटकर 1.9 प्रतिशत रह गई है। वहीं दिल्ली में जन्म दर 1.2 प्रतिशत है, जो फिनलैंड से भी कम है। विशेषज्ञों का कहना है कि यह घटती जन्म दर देश की आबादी, युवा आबादी और अर्थव्यवस्था को गंभीर रूप से प्रभावित कर सकती है और इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं।

---विज्ञापन---

भारत की वर्तमान1.46 अरब से ज्यादा

यूनाइटेड नेशंस पॉपुलेशन फंड (UNFPA) की स्टेट ऑफ वर्ल्ड पॉपुलेशन रिपोर्ट के आंकड़ों का मतलब यह है कि भारतीय महिलाएं एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी तक जनसंख्या का आकार बनाए रखने के लिए जरूरत से कम भी बच्चे पैदा कर रही हैं। भारत की आबादी इस समय 1.46 अरब से ज्यादा है। साल 2023 में चीन को पीछे छोड़कर भारत दुनिया की सबसे ज्यादा जनसंख्या वाला देश बन गया था। इसके बाद हर साल भारत की जन्म दर में कमी आई है। इसके पीछे एक नहीं बल्कि कई कारण हैं, जिन्हें अनदेखा किया तो नुकसान होगा।

मातृ मृत्यु दर और लिंग भेदभाव कारण

भारत में पिछले कई साल में स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण सुधार हुए हैं। इसके बावजूद जन्म दर में गिरावट आई, क्योंकि इन दोनों सेक्टर में बड़े स्तर पर असमानताएं हैं। मातृ मृत्यु दर और लैंगिक भेदभाव आज भी बहुत ज्यादा है। सबसे ज्यादा चिंता की बात यह है कि देश में आज भी 24 साल से कम उम्र की लड़कियों की जल्दी शादी हो रही है, जिनकी प्रेग्नेंसी के बाद बच्चे के जन्म में मुश्किलें आने से डिलीवरी के वक्त मौत हो जाती है। देश के सख्त कानून और जागरुकता कार्यक्रम भी लोगों को लड़का-लड़की में भेद करने से रोक नहीं पाए हैं।

---विज्ञापन---

बूढ़े होंगे ज्यादा और जवान होंगे कम

विशेषज्ञों के अनुसार, भारत में जिस तरह से कम बच्चे पैदा हो रहे हैं और जन्म दर गिर रही है। उस हिसाब से आने वाले समय के लिए संकेत अच्छे नहीं हैं। क्योंकि अगर इसी तरह जन्म दर गिरती रही तो भारत में युवाओं की संख्या कम हो जाएगी और बूढ़ों की संख्या बढ़ जाएगी। इस स्थिति का असर देश के आर्थिक विकास पर पड़ेगा। सामाजिक संरचना बनाए रखने में भी कई समस्याएं खड़ी होंगी। जनसंख्या असंतुलन की समस्या खड़ी हो जाएगी। बुजुर्ग आबादी की देखभाल करने के लिए लोगों की भी कमी हो सकती है। कुल मिलाकर देश पिछड़ जाएगा।

First published on: Jun 07, 2026 01:51 PM

End of Article

About the Author

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल News24 हिंदी डिजिटल में चीफ सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. वेब जर्नलिज्म में 13 साल का अनुभव रखने वाली खुशबू गोयल राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और राज्यस्तरीय न्यूज और चुनावी कवरेज करती हैं. खुशबू गोयल ने अक्टूबर 2013 में अमर उजाला डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत की थी, जहां 7 साल सेवाएं देने के बाद साल नवंबर 2020 में दैनिक भास्कर डिजिटल जॉइन किया और सितंबर 2023 से News24 के डिजिटल में सेवाएं दे रही हैं. 13 साल के करियर में खुशबू गोयल ने नेशनल, इंटरनेशनल, पॉलिटिकल, क्राइम टॉपिक कवर करने में विशेषज्ञता हासिल की. खुशबू गोयल का पत्रकारिता में अनुभव: 13 साल योग्यता: कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के IMC&MT इंस्टीट्यूट से मास्टर ऑफ कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म (MJ) के बाद जर्नलिज्म में MPhil की डिग्री ली. खुशबू गोयल ने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव की विस्तृत रिपोर्टिंग की है, जिसमें उन्हें ग्राउंड कवरेज करने का भी अनुभव है. इसके अलावा पिछले 13 साल में विभिन्न राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव को भी उन्होंने फील्ड रिपोर्टिंग के साथ कवर किया.

Read More
---विज्ञापन---
संबंधित खबरें
Sponsored Links by Taboola