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ईरान का पलटवार, जॉर्डन में अमेरिकी मिलिट्री बेस पर हमला, फेल हुए पैट्रियट इंटरसेप्टर

Iran Attack on US Base Jordan: ईरान की सेना और इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने आज को जॉर्डन में स्थित अमेरिकी सेना के प्रमुख ठिकाने 'अल-अज़राक' पर भीषण मिसाइल और ड्रोन हमला किया है. हमले में कई अमेरिकी सैनिकों के गंभीर रूप से घायल होने की खबर है, जबकि एयरबेस के भीतर खड़े कम से कम दो F-18 फाइटर जेट्स और भारी उपकरणों के हैंगर पूरी तरह नष्ट हो गए हैं.

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Iran Attack on US Base Jordan: मिडिल ईस्ट से इस वक्त की सबसे बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है. ईरान ने जॉर्डन में स्थित अमेरिका के एक बेहद रणनीतिक और महत्वपूर्ण सैन्य ठिकाने पर बड़ा मिसाइल हमला बोल दिया है. इस भीषण हमले में कई अमेरिकी सैनिकों के गंभीर रूप से घायल होने की खबर है. सबसे हैरान करने वाली बात यह रही कि इस हमले के दौरान अमेरिकी सेना का सबसे भरोसेमंद माना जाने वाला ‘पैट्रियट एयर डिफेंस सिस्टम’ और उसके इंटरसेप्टर ईरानी मिसाइलों को रोकने में पूरी तरह फेल साबित हुए.

इंटरनेशनल ऑपरेशन्स का मुख्य केंद्र बना निशाना

जॉर्डन में जिस अमेरिकी बेस को निशाना बनाया गया है, वह कोई आम ठिकाना नहीं है. यह सैन्य बेस पूरे मिडिल ईस्ट में अंतर्राष्ट्रीय सैन्य अभियानों का मुख्य केंद्र है. यहां से अमेरिका के साथ-साथ उसके नाटो (NATO) सहयोगी देशों के बड़े ऑपरेशन्स संचालित किए जाते हैं. रणनीतिक रूप से यह बेस जॉर्डन की राजधानी अम्मान से लगभग 100 किलोमीटर पूर्व में स्थित है, जहां अमेरिका का बहुत बड़ा और आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर मौजूद है.

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पैट्रियट सिस्टम क्यों हुआ फेल?

शुरुआती इनपुट्स के मुताबिक, ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने इस बेस पर एक साथ कई बैलिस्टिक मिसाइलें और आत्मघाती ड्रोन दागे. हमले की रफ्तार और तकनीक इतनी सटीक थी कि अमेरिकी बेस पर तैनात पैट्रियट इंटरसेप्टर मिसाइलें उन्हें हवा में नष्ट करने में नाकाम रहीं और मिसाइलें सीधे बेस के भीतर जाकर गिरीं. सोशल मीडिया पर भी कई ऐसे वीडियो वायरल हो रहे हैं जिनमें इस नाकाम इंटरसेप्शन और जमीन पर हुए धमाकों को देखा जा सकता है.

क्षेत्र में महायुद्ध का खतरा

ईरान ने साफ कर दिया है कि यह हमला अमेरिकी सेना द्वारा ईरान के तटीय इलाकों में की गई बमबारी का सीधा जवाब है. जॉर्डन के साथ-साथ कुवैत और बहरीन में भी अमेरिकी ठिकानों के पास अलर्ट जारी किया गया है. रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि पैट्रियट डिफेंस सिस्टम का इस तरह फेल होना अमेरिका के लिए बहुत बड़ा झटका है और अब इस क्षेत्र में पूर्ण युद्ध छिड़ने की आशंका पहले से कहीं ज्यादा बढ़ गई है.

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First published on: Jul 18, 2026 05:05 PM

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About the Author

Vijay Jain

विजय कुमार न्यूज 24 में बतौर सीनियर न्यूज एडिटर कार्यरत हैं. विजय कुमार ने अपने पत्रकारिता के सफर की शुरुआत प्रिंट मीडिया के साथ की. अपने 23 साल के करियर में वह दैनिक जागरण, अमर उजाला और दैनिक भास्कर जैसे संस्थानों के साथ जुड़े रहे हैं. विजय कुमार राजनीति, चुनाव, क्राइम और करंट अफेयर्स जैसे विषयों पर तथ्यपरक पत्रकारिता के लिए जाने जाते हैं. विजय कुमार ने दैनिक भास्कर में रिपोर्टिंग के दौरान स्टिंग ऑपरेशन भी किए. 23 साल के अनुभव के दौरान विजय कुमार ने करियर के शुरुआती दौर में डेस्क जर्नलिस्ट रहते हुए की. विजय कुमार को 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के अलावा बिहार, यूपी, बंगाल, राजस्थान और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों के विधानसभा चुनाव की ग्राउंड कवरेज का अनुभव है. ग्रामीण उद्योगीकरण में स्नातक की डिग्री होने के कारण विजय कुमार को ग्रामीण इलाकों की समस्याओं और उनसे जुड़ी कवरेज का खासा अनुभव है. अपने लेख के माध्यम से उन्होंने ग्रामीण इलाकों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया है. पत्रकारिता में अनुभव: 23 साल योग्यता, डिग्री / अन्य उपलब्धियां: शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो उन्होंने कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से ग्रामीण उद्योगीकरण विषय में बीए की डिग्री प्राप्त की है. विजय कुमार को पत्रकारिता के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए 2017 में 'श्रीफल जर्नलिज्म नेशनल अवॉर्ड' से सम्मानित किया गया.

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