---विज्ञापन---

इथेनॉल बनाने से 17 दिनों में 20 रुपये महंगी हुई चीनी – अरविंद केजरीवाल का केंद्र पर तीखा हमला

अरविंद केजरीवाल ने कहा कि हमारा देश चीनी एक्सपोर्ट करता था, लेकिन अब इंपोर्ट करने की प्लानिंग कर रहा है. तेल पर खर्च होने वाली विदेशी मुद्रा बचाने के लिए इथेनॉल बनाया गया और अब उसी विदेशी मुद्रा को हम चीनी इंपोर्ट करने पर खर्च करेंगे.

---विज्ञापन---

आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने देश भर में चीनी की कीमतों में भारी इजाफे के लिए मोदी सरकार को जिम्मेदार बताया है. उन्होंने कहा कि गन्ने से इथेनॉल बनाने से चीनी का उत्पादन गिर गया और 17 दिनों में चीनी 20 रुपए प्रति किलो महंगी हो गई. ये लोग इथेनॉल को पेट्रोल में मिलाकर तेल आयात पर खर्च होने वाली विदेशी मुद्रा बचाने की बात कर रहे थे. हालात ऐसे हो गए हैं कि अब वही विदेशी मुद्रा फूंक कर चीनी आयात करने की नौबत आ गई है. ये सरकार है या मजाक? पूरी की पूरी अनपढ़ों की सरकार है. किसी को कुछ नहीं ही पता कि क्या करने से क्या होगा?

गुरुवार को वीडियो जारी कर अरविंद केजरीवाल ने कहा कि ऐसा लगता है जैसे मोदी सरकार बिल्कुल अनपढ़ लोगों की सरकार है. उन्हें यही नहीं पता कि वे क्या निर्णय ले रहे हैं और उसका क्या असर होगा. इन्होंने गन्ने की खेती को इथेनॉल बनाने के लिए डाइवर्ट किया और इथेनॉल को पेट्रोल में मिलाना चालू कर दिया. कहा गया कि इससे पेट्रोल बचेगा और विदेशी मुद्रा की बचत होगी, जिसे हम विदेशों से तेल आयात करने के लिए खर्च करते हैं. गन्ने की खेती को इथेनॉल बनाने के लिए डाइवर्ट करने से देश में गन्ने और चीनी की भारी कमी हो गई. चीनी की किल्लत के कारण पिछले 17 दिनों में इसके दाम 20 रुपए प्रति किलो बढ़ गए हैं. 17 दिन पहले जो चीनी 46 रुपए किलो थी, वह अब 65 रुपए किलो हो गई है.

---विज्ञापन---

अरविंद केजरीवाल ने कहा कि हमारा देश चीनी एक्सपोर्ट करता था, लेकिन अब इंपोर्ट करने की प्लानिंग कर रहा है. तेल पर खर्च होने वाली विदेशी मुद्रा बचाने के लिए इथेनॉल बनाया गया और अब उसी विदेशी मुद्रा को हम चीनी इंपोर्ट करने पर खर्च करेंगे. एक तरफ इथेनॉल वाले पेट्रोल से लोगों की गाड़ियां खराब हो रही हैं और माइलेज गिर रही है, वहीं दूसरी तरफ लोगों को अब महंगी चीनी खरीदनी पड़ रही है. सरकार डिसीजन लेती है, लेकिन इन्हें यही नहीं पता कि इसका क्या असर होने वाला है. जब गन्ने को इथेनॉल के लिए डाइवर्ट किया गया, तो इन्हें सोचना चाहिए था कि इतना गन्ना इथेनॉल में जाएगा तो चीनी कहां से आएगी? समझ नहीं आता कि मोदी सरकार में ऊपर से नीचे तक सारे अनपढ़ हैं क्या?

अरविंद केजरीवाल ने कहा कि इन्होंने अभी तक जितने भी डिसीजन लिए हैं, उनका कोई फायदा नहीं हुआ. नोटबंदी में पूरे देश में कई लोग मारे गए. कोरोना आया तो लोगों को ऑक्सीजन सिलेंडर सप्लाई करने की बजाय थाली बजाने के लिए कहा गया. ऐसा लगता है कि पूरी की पूरी सरकार अनपढ़ लोगों की है. लेकिन कसूर हमारा अपना है कि हमने इन अनपढ़ लोगों को वोट देकर वहां बिठा दिया, जिन्हें कोई अक्ल नहीं है. इन्हें सरकार चलानी नहीं आती और दुखी हम लोग हो रहे हैं.

---विज्ञापन---

First published on: Aug 20, 2026 09:32 PM

End of Article

About the Author

Arif Khan

आरिफ खान मंसूरी न्यूज 24 में बतौर डिप्टी न्यूज एडिटर कार्यरत हैं. आरिफ को डिजिटल पत्रकारिता में 15 वर्ष से ज्यादा अनुभव हैं. उन्होंने 2014, 2019 और 2024 के लगातार तीन लोकसभा चुनाव के अलावा पिछले 15 सालों में देशभर में हुए विधानसभा चुनावों की भी व्यापक कवरेज की है. न्यूज 24 से पहले उन्होंने देश के कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की थी, यहां देश, दुनिया और पॉलिटिक्स की खबरों पर काम किया. आरिफ ने इसके बाद इंडियन एक्सप्रेस ग्रुप की हिंदी वेबसाइट जनसत्ता के साथ अपनी पारी शुरू की. इसके बाद उन्होंने हिंदुस्तान टाइम्स की हिंदी न्यूज वेबसाइट लाइवहिंदुस्तान ज्वाइन कर लिया. लाइवहिंदुस्तान.कॉम के बाद वह एनडीटीवी ग्रुप के साथ जुड़ गए. एनडीटीवी में करीब छह साल तक काम करने के बाद न्यूज24 के साथ जुड़ गए. न्यूज24 में भी होमपेज की जिम्मेदारी संभालते हैं. शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो उन्होंने कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से कला संकाय में स्नातक और मास्टर ऑफ जर्नलिज्म की डिग्री हासिल की है. आरिफ देश, विदेश और राजनीति से जुड़ी खबरों के अलावा एक्सप्लेनर लिखने में भी माहिर हैं.

Read More
---विज्ञापन---
संबंधित खबरें
Sponsored Links by Taboola