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देशभर में 32 यूनिवर्सिटी फर्जी, UGC ने लिस्ट जारी कर दी चेतावनी, दिल्ली में सबसे ज्यादा

UGC Fake University List 2026: विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) ने देशभर के 32 यूनिवर्सिटीज को 'फर्जी' करार देते हुए उनकी सूची सार्वजनिक कर दी है. इन संस्थानों के पास कोई भी डिग्री देने का कानूनी अधिकार नहीं है. हैरानी की बात यह है कि देश की राजधानी दिल्ली इस लिस्ट में सबसे ऊपर है.

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UGC Fake University List 2026: यूजीसी ने देश में 12 राज्यों में फैले 32 फर्जी विश्वविद्यालयों की लिस्ट जारी करते हुए इसमें एडमिशन न लेने की चेतावनी दी है. इन संस्थानों को UGC एक्ट के तहत मान्यता नहीं है और ये वैध डिग्री देने का अधिकार नहीं रखते. दिल्ली में सबसे अधिक फर्जी विश्वविद्यालय पाए गए हैं और सूची में नए राज्य भी जुड़ गए हैं. UGC ने चेतावनी देते हुए कहा है कि इन 32 संस्थानों द्वारा दी गई कोई भी डिग्री नौकरी या आगे की पढ़ाई के लिए मान्य नहीं होगी. छात्रों और अभिभावकों को सलाह दी जाती है कि वे प्रवेश लेने से पहले यूजीसी की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर यूनिवर्सिटी की मान्यता जरूर चेक करें.

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दिल्ली टॉप पर, 12 फर्जी यूनिवर्सिटी

इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में सबसे ज्यादा 12 फर्जी विश्वविद्यालय पाए गए हैं. इनमें शामिल हैं अलीपुर स्थित ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ पब्लिक एंड फिजिकल हेल्थ साइंसेज (AIIPHS), दरियागंज की कमर्शियल यूनिवर्सिटी लिमिटेड, यूनाइटेड नेशंस यूनिवर्सिटी, विश्वकर्मा ओपन यूनिवर्सिटी फॉर सेल्फ-एम्प्लॉयमेंट, कोटला मुबारकपुर की इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड इंजीनियरिंग और पीतमपुरा की वर्ल्ड पीस ऑफ यूनाइटेड नेशंस यूनिवर्सिटी (WPUNU) समेत कई अन्य नाम हैं.

फर्जी संस्थानों की संख्या 20 से बढ़कर 32

पिछले दो सालों में ऐसे फर्जी संस्थानों की संख्या 20 से बढ़कर 32 हो गई है. इस सूची में हरियाणा, राजस्थान, झारखंड और अरुणाचल प्रदेश जैसे नए राज्य शामिल किए गए हैं, जिनमें से प्रत्येक में एक फर्जी विश्वविद्यालय की जानकारी मिली है. आयोग ने बेंगलुरु में ग्लोबल ह्यूमन पीस यूनिवर्सिटी के नाम से संचालित एक संस्थान के बारे में विशेष चेतावनी भी जारी की है, जिसमें कहा गया है कि इसे विश्वविद्यालय के रूप में कार्य करने का अधिकार नहीं है. एजुकेशन एक्सपर्ट्स का कहना है कि ऐसे संस्थान बिना इंफ्रास्ट्रक्चर, फैकल्टी या स्टैंडर्ड के चलते हैं. छात्रों का करियर और पैसा दोनों दांव पर लग जाते हैं.

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First published on: Feb 20, 2026 06:39 PM

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About the Author

Vijay Jain

विजय कुमार न्यूज 24 में बतौर सीनियर न्यूज एडिटर कार्यरत हैं. विजय कुमार ने अपने पत्रकारिता के सफर की शुरुआत प्रिंट मीडिया के साथ की. अपने 23 साल के करियर में वह दैनिक जागरण, अमर उजाला और दैनिक भास्कर जैसे संस्थानों के साथ जुड़े रहे हैं. विजय कुमार राजनीति, चुनाव, क्राइम और करंट अफेयर्स जैसे विषयों पर तथ्यपरक पत्रकारिता के लिए जाने जाते हैं. विजय कुमार ने दैनिक भास्कर में रिपोर्टिंग के दौरान स्टिंग ऑपरेशन भी किए. 23 साल के अनुभव के दौरान विजय कुमार ने करियर के शुरुआती दौर में डेस्क जर्नलिस्ट रहते हुए की. विजय कुमार को 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के अलावा बिहार, यूपी, बंगाल, राजस्थान और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों के विधानसभा चुनाव की ग्राउंड कवरेज का अनुभव है. ग्रामीण उद्योगीकरण में स्नातक की डिग्री होने के कारण विजय कुमार को ग्रामीण इलाकों की समस्याओं और उनसे जुड़ी कवरेज का खासा अनुभव है. अपने लेख के माध्यम से उन्होंने ग्रामीण इलाकों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया है. पत्रकारिता में अनुभव: 23 साल योग्यता, डिग्री / अन्य उपलब्धियां: शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो उन्होंने कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से ग्रामीण उद्योगीकरण विषय में बीए की डिग्री प्राप्त की है. विजय कुमार को पत्रकारिता के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए 2017 में 'श्रीफल जर्नलिज्म नेशनल अवॉर्ड' से सम्मानित किया गया.

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